एमबीबीएस और एमडी डॉक्टर को छोड़कर लोग कराते ढोंगी बाबा से इलाज

नरेश धाकरे
 
 
आगरा / शमशाबाद। शमशाबाद क्षेत्र के गांव भनपुरा में 21वीं सदी के युग में भी लगता है अंधविश्वास का मेला जहां काफी दूरदराज से इलाज कराने के लिए लोग आते हैं बाबा के इस इलाज के सामने एमबीबीएस और एमडी डॉक्टर भी फेल है आखिर बाबा के पास ऐसी क्या है चमत्कारी शक्ति जिससे बाबा करता है लोगों के रोगों का निवारण.
 
शमशाबाद क्षेत्र के गांव भनपुरा में तालाब के किनारे पीपल के पेड़ के नीचे ढोंगी बाबा का अंधविश्वास का मेला लगता है. 21वी सदी का योग चल रहा है भारत नए आयाम छूने की कोशिश कर रहा है मगर इस भारत के अंदर आज भी अंधविश्वास का मेला लगता है. एमबीबीएस और एमडी डॉक्टर को छोड़कर बाबा और हकीम से इलाज कराते हैं. लोग बाबा और हकीम से इलाज कराने का वीडियो अग्र भारत के कैमरे में कैद हो गया जिसमें ढोंगी बाबा मरीजों का इलाज कर रहा है. हमसे बात की भनपुरा गांव में बाबा के दर पर शनिवार और मंगलवार को अंधविश्वास का मेला लगता है. बाबा पहले काली मिर्च खिलाता है बाबा पहले काली मिर्च खिलाता है तो लोगों को उल्टी के जरिए एक धागा उनके मुंह से निकलता है. फिर बाबा हाथ में मोरपंखी का झाड़ू लेकर और फिर शुरू होता है बाबा के अंधविश्वास खेल. इलाज कराने के लिए आए हुए लोगों बाबा गोला बना कर बैठता है और सभी के सर पर मोरपंखी के झाड़ू को मारता है फिर इलाज कराने आए हुए लोगों को माता के मंदिर के सामने बिठाया जाता है. उनके सर के ऊपर मिट्टी के बर्तन में आग जलाकर बाबा सात बार मरीज की सर के ऊपर घूम आता है और सर पर रखकर चाकू से नींबू भी काटता है. आखिर बाबा के पास ऐसी कौन सी शक्ति है जिससे वह मरीजों का इलाज बड़े शान शौकत से कर रहा है कर रहा है. वीडियो में आप साफ़ तौर से देख सकते हैं कि भनपुरा गांव का यह बाबा अंधविश्वास के नाम पर कैसे खुले आम जनता को लूट रहा है. 21वी सदी के इस युग में आज भी लोग अंधविश्वास मैं अंधे हो चुके हैं। लोग बढ़िया चिकित्सक छोड़कर बाबा और हकीम से इलाज करा रहे हैं बाबा दावे करता है कि जो यहां एक वह मरीज बिल्कुल ठीक होकर जाता है बाबा के द्वारा बुखार पेट का दर्द और सिर के दर्द का भी इलाज किया जाता है यहां लोग अपना इलाज कराने के लिए काफी दूरदराज से आते हैं