इंसान भी आ सकता है बर्ड फ्लू की चपेट में

वैज्ञा‎निकों ने जताई यह आशंका


नई दिल्ली ।  क्या बर्ड फ्लू का खतरा इंसानों पर भी है। बर्ड फ्लू में जो वारयस पाए जाते हैं उसे एच5एन1 का नाम दिया गया है। वैज्ञानिकों के मुताबिक ये वायरस पक्षियों से इंसानों में फैल सकता है। लेकिन इसकी संभावना काफी कम होती है। वैसे कई तरह के बर्ड फ्लू होते हैं। ज्यादातर ये वायरस इंसानों को नुकसान नहीं पहुंचाते हैं। लेकिन वैज्ञानिकों का मानना है कि अगर कोई व्यक्ति लंबे समय तक संक्रमित पक्षियों के बीच रहता है तो फिर उन्हें बर्ड फ्लू अपनी चपेट में ले सकता है। पहली बार इंसानों में एच5एन1 के संक्रण की खबर साल 1997 में हॉन्ग कॉन्ग से आई थी।
पोल्ट्री फार्म में काम करने वाले एक शख्स इसकी चपेट में आए थे। साल 1918 में स्पैनिश फ्लू से दुनिया भर में लाखों लोगों की मौत हुई थी। कहा जाता है कि ये संक्रमण पक्षियों से ही फैला था। राहत की बात ये है कि फिलहाल भारत से बर्ड फ्लू से इंसानों में संक्रण की कोई खबर नहीं आई है। ये आमतौर पर एक पक्षी से दूसरे में तेज़ी से फैलता है। वैज्ञानिकों और डॉक्टरों का कहना है कि चिकन और अंडे खाने में कोई खतरे की बात नहीं है। बशर्ते की उसे अच्छी तरह पकाया गया हो। भारत में पहली बार साल 2004 में बर्ड फ्लू फैला था। तब से लेकर अब भारत में 24 बार बर्ड फ्लू आ चुका है। आखिरी बार साल 2016 में बर्ड फ्लू से लाखों पक्षियों की मौत दिल्ली, केरल पंजाब और मध्य प्रदेश में हुई थी। डॉक्टरों के मुताबित बर्ड फ्लू के संक्रमण में मौत की दर करीब 60 फीसदी है। देश में अब तक करीब 83 लाख पक्षियों की इस बीमारी से मौत हो चुकी है। 
मालूम हो ‎कि देश में बर्ड फ्लू का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। अब तक 7 राज्यों इसकी पुष्टि हो चुकी है। चिंता की बात ये है कि तेज़ी से ये फ्लू देश के अलग-अलग इलाकों में फैल रहा है। अब तक जिन राज्यों में बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई है वो है- केरल, राजस्थान, मध्य प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, गुजरात और उत्तर प्रदेश। इसके अलावा कई राज्यों से पक्षियों की मरने की खबरें लगातार आ रही हैं। यानी अगले कुछ हफ्तों में कई और राज्यों में ये फैल सकता है। देश के कई चिकन मार्केट को एहतियातन बंद कर दिया गया है।