भारत की पहल, corona virus के इलाज का पूरा खर्चा करेगी बीमा कंपनी

नई दिल्ली । चीन और कई देशों में तबाही मचाने वाले कोरोना वायरस ने अब भारत में भी दस्तक दे दी है। यहां 29 मरीजों में कोरोना वायरस की पुष्टि हुई है। तेजी से फैल रहे इस खतरनाक वायरस को लेकर बीमा नियामक व विकास प्राधिकारण (इरडा) ने बड़ा कदम उठाया है। इरडा ने बीमा कंपनियों से ऐसी पॉलिसियां लाने को कहा है जिनमें कोरोना वायरस के इलाज का खर्च भी ‘कवर’ हो। कोरोना को बीमा कवर में शामिल किए जाने का संभवतः यह दुनिया का पहला प्रस्ताव है।
बीमा कंपनियों से कहा गया कि वह कोरोना वायरस के इलाज से संबंधित दावों का तेजी से निपटान करें। जिन मामलों में अस्पताल में भर्ती होने का खर्च कवर हो, बीमा कंपनियां यह सुनिश्चित करें कि कोविड-19 से संबंधित मामलों का तेजी से निपटान किया जाए। दरअसल जरूरत आधारित स्वास्थ्य बीमा कवर उपलब्ध कराने के तहत बीमा कंपनियां विभिन्न उत्पादों से संबंधित बीमारियों के लिए उत्पाद उपलब्ध करा रही हैं। इनमें मच्छरों आदि से होने वाली बीमारियां शामिल हैं।
इरडा भारत सरकार की एक एजेंसी है, जिसका इसका उद्देश्य बीमा की पालसी धारकों के हितों कि रक्षा करना, इंश्योरेंस कंपनी के रेगूलेशन सिस्टम को देखना, प्रोमोशन या घटनाएं जैसे मामलों को देखना होता है। एसबीआई जनरल इंश्योरेंस के हेड सुब्रमण्यम ने बताया कि कोरोना वायरस के दावे का निपटान तभी हो सकता है जब मरीज 24 घंटे तक अस्पताल में भर्ती रहा हो। स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में उन मरीजों को कवर नहीं किया जाता जो अस्पताल में भर्ती ना रहे हों।
सामान्यतया हेल्थ इंश्योरेंस वायरस (Health Insurance Policy) के खतरे से कवर करता है। इसके लिए अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता होती है और यह कोरोनावायरस जैसी बीमारी के लिए भी कवरेज प्रदान करेगा। कोरोनोवायरस संक्रमण के लक्षण सामान्य सर्दी जैसे हैं और आमतौर पर यह श्वसन प्रणाली को प्रभावित करते हैं। एक नया वायरस होने के कारण, इसका अब तक कोई टीकाकरण या इलाज नहीं है। आपके पास चाहे किसी भी प्रकार की हेल्थ पॉलिसी हो, यह आपको अस्पताल में भर्ती होने पर कवरेज प्रदान करेगी।